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मोदी की हवा बनाने में प्रशासन कर रहा है मदद

BeyondHeadlines News Desk

वाराणसी : कांग्रेस के प्रदेश महासचिव सतीश चौबे व डॉ. सतीश राय ने प्रशासन पर सुरक्षा कारणों की आड़ में मोदी की हैलीकॉप्टर से यात्रा कराकर मोदी के राजनीतिक हनक और ग्लैमर बनाने में मदद करने का आरोप लगाया है.

कांग्रेस नेताओं का कहना है कि ज़िला प्रशासन बीएचयू से विश्वनाथ मंदिर तक जिन सड़कों से प्रधानमंत्री को लेकर जा सकता है, उन्हीं सड़कों को सुरक्षा के मद्देनज़र खतरनाक बताना प्रशासन के दोहरे मापदंड का प्रतीक है.

कांग्रेस के दोनों महासचिवों ने कहा कि पूर्व में शहर की सड़कों से ही मोदी को मंदिर ले जाया गया था. अब सुरक्षा कारणों का हवाला देकर विश्वविद्यालय परिसर में हैलीकॉप्टर उतारने की अनुमति देना आचार संहिता के खिलाफ है.

उन्होंने कहा कि उन्हें मोदी की सुरक्षा से कोई एतराज नहीं है, लेकिन जिस तरीके से सुरक्षा कारणों का हवाला देकर उनके लिए विशेष व्यवस्था की जा रही है, वह गलत है. दोनों नेताओं ने सवाल उठाया कि क्या चुनाव के अंतिम चरण में भी प्रशासन मोदी को हैलीकॉप्टर से प्रचार की अनुमति देगा.

वहीं दूसरी तरफ सपा के लोकसभा प्रवक्ता व पूर्व मंत्री शतरूद्र  प्रकाश ने आज अपने प्रेस वार्ता में कहा कि मोदी को बनारस से चुनाव लड़ने का कोई नैतिक हक नहीं है. आगे उन्होंने कहा कि मोदी को नामांकन के समय अपनी पत्नी को भी लाना चाहिए और उन्हें काशी दर्शन व गंगा स्नान ज़रूर कराना चाहिए.

उन्होंने चुटकी लेते हुए कहा कि पिछले साल जून महीने में उत्तराखंड के दैवीय आपदा के समय उन्होंने सिर्फ गुजरातियों को ही राहत पहुंचाई थी. गाज़ीपूर, बलिया, वाराणसी सहित पूर्वांचल के तमाम ज़िले के लोगों कराहता हुआ छोड़ गए थे. लिहाज़ा उनको पूर्वांचल से चुनाव लड़ने का नैतिक आधार नहीं है. उन्होंने उस समय केदारनाथ मंदिर को बनवाने का ऐलान किया था, लेकिन अब तक एक रूपया भी गुजरात सरकार ने जारी नहीं किया.

यही नहीं, कांग्रेस के प्रो. सतीश कुमार राय ने भाजपा प्रत्याशी  नरेन्द्र मोदी की ओर से किए जा रहे भारी खर्च को उनके व्यय खाते में जोड़ने की मांग की है. प्रो. राय का कहना है कि मोदी नामांकन के लिए चार्टर्ड प्लेन से आ रहे हैं. इसके बाद हवाई अड्डे से बीएचयू, बीएचयू से काशी विद्यापीठ, फिर पुलिस लाइन से हवाई अड्डे तक हैलीकॉप्टर से आएंगे-जाएंगे, इस खर्च को उम्मीदवार के खाते में जोड़ा जाए.

नामांकन से पूर्व कई समाचार-पत्रों में विज्ञापन दिए गए हैं. यह भी सिर्फ मोदी को लेकर केन्द्रित है. पूरे बनारस में महीनों से बड़े-बड़े होर्डिंग लगाए गए हैं. मोदी के प्रचार के लिए हज़ारों लोग बाहर से आकर वाराणसी के बड़े-बड़े होटलों में रूके हुए हैं. इन तमाम खर्चों को जोड़कर उम्मीदवार के खाते में जोड़ने का आदेश दिया जाए. क्योंकि मोदी यहां से उम्मीदवार हैं.

नेताओं का यह भी आरोप है कि बीजेपी कार्यकर्ता लगातार हिंसक होते जा रहे हैं. राह चलते किसी पर भी हमला कर देते हैं. गाड़ियां तोड़ देते हैं. सड़क पर चलने के तमाम नियम ताक पर रख देते हैं, लेकिन प्रशासन उनके खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं करता. ऐसे में यह बात आसानी से समझा जा सकता है कि प्रशासन किस प्रकार भाजपा प्रत्याशी की मदद कर रहा है.

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